फरसाबहार में शिक्षकों के सेवा अभिलेख एवं वरिष्ठता को लेकर शिक्षक संघ ने बुलंद की आवाज
6 सूत्रीय मांगों को लेकर विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री दुर्गेश देवांगन को सौंपा ज्ञापन, ब्लॉक सचिव अरविंद कुमार वर्मा का रहा विशेष योगदान
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| विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री दुर्गेश देवांगन जी को विकासखंड पदाधिकारी ज्ञापन सौंपते हुए |
फरसाबहार, जशपुर। शिक्षकों के सेवा अभिलेख, सेवा पुस्तिका, अवकाश प्रविष्टि एवं वरिष्ठता से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों को लेकर छत्तीसगढ़ प्रदेश विद्यालयीन शिक्षक संघ, विकासखंड फरसाबहार ने एकजुटता के साथ आवाज बुलंद की। शिक्षक हित से जुड़े इन महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने विकासखंड शिक्षा अधिकारी फरसाबहार श्री दुर्गेश देवांगन जी को ज्ञापन सौंपकर 6 सूत्रीय मांगों पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की मांग की।
ज्ञापन के माध्यम से शिक्षकों के टीईटी योग्यता की सेवा पुस्तिका में प्रविष्टि, विशेष अर्जित अवकाश, जनगणना कार्य के प्रतिकर अवकाश, वरिष्ठता निर्धारण, सेवा पुस्तिका के नियमित सत्यापन तथा वरिष्ठता सूची में शैक्षणिक एवं व्यावसायिक योग्यताओं के उल्लेख जैसे महत्वपूर्ण विषयों को प्रमुखता से उठाया गया।
वरिष्ठता के मुद्दे पर विशेष जोर
संघ ने वर्ष 2019, 2023 एवं 2025 में नियुक्त सहायक शिक्षक, सहायक शिक्षक (विज्ञान प्रयोगशाला) एवं शिक्षकों की वरिष्ठता का निर्धारण संबंधित नियमों एवं चयन प्रक्रिया में निर्धारित मापदंडों के अनुसार किए जाने की मांग की है। साथ ही व्यापम की मेरिट सूची को आधार मानकर नियमानुसार वरिष्ठता निर्धारित करने पर विशेष जोर दिया गया।
संगठन का कहना है कि वरिष्ठता का सही एवं पारदर्शी निर्धारण शिक्षकों के भविष्य की पदोन्नति और अन्य सेवा लाभों से सीधे जुड़ा हुआ विषय है। इसलिए वरिष्ठता सूची तैयार करते समय नियमों एवं निर्धारित मापदंडों का पूरी तरह पालन किया जाना आवश्यक है।
सेवा पुस्तिका में हर महत्वपूर्ण प्रविष्टि दर्ज करने की मांग
ज्ञापन में शिक्षकों द्वारा अर्जित टीईटी (प्राथमिक एवं माध्यमिक स्तर) की योग्यता को सेवा पुस्तिका में नियमानुसार दर्ज करने की मांग की गई। इसके साथ ही अनुसूचित क्षेत्र में कार्यरत पात्र शिक्षकों के विशेष अर्जित अवकाश तथा जनगणना कार्य के दौरान सेवा देने वाले शिक्षकों को नियमानुसार देय अर्जित/प्रतिकर अवकाश की प्रविष्टि भी सेवा पुस्तिका में किए जाने की मांग रखी गई।
संघ ने सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं की सेवा पुस्तिका का प्रतिवर्ष सत्यापन करने तथा समय-समय पर आवश्यक प्रविष्टियों को अद्यतन करने की मांग भी की है। वहीं वरिष्ठता सूची में D.Ed., B.Ed. एवं TET जैसी शैक्षणिक एवं व्यावसायिक योग्यताओं का स्पष्ट उल्लेख किए जाने पर भी जोर दिया गया है।
ज्ञापन सौंपने में संगठन की मजबूत उपस्थिति
ज्ञापन सौंपने के दौरान संगठन की ओर से जिला उपाध्यक्ष दादुप्रसाद चंद्रा, ब्लॉक सचिव अरविंद कुमार वर्मा, सुनीता कंवर, तिर्की मैम, लालचंद सिन्हा, रश्मि श्याम, ओमेश्वरी देवांगन, अखिलेश्वरी साहू, दुलेश्वर ठाकुर, लोकेश ठाकुर एवं रविशंकर खुसरो उपस्थित रहे।
इन सभी साथियों की उपस्थिति ने यह संदेश दिया कि शिक्षकों के सेवा अभिलेख और वरिष्ठता जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर संगठन व्यक्तिगत नहीं, बल्कि सामूहिक शिक्षक हित की लड़ाई को मजबूती से आगे बढ़ा रहा है।
ब्लॉक सचिव अरविंद कुमार वर्मा का विशेष योगदान
इस पूरी पहल में ब्लॉक सचिव श्री अरविंद कुमार वर्मा जी का विशेष योगदान रहा। उन्होंने शिक्षकों से जुड़े विषयों को व्यवस्थित रूप से सामने रखने, आवश्यक बिंदुओं को ज्ञापन में शामिल कराने तथा संगठन की ओर से मामले को मजबूती से विभाग के समक्ष रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
संगठन के पदाधिकारियों एवं उपस्थित शिक्षकों ने भी उनके प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि जब संगठन का प्रत्येक साथी जिम्मेदारी के साथ शिक्षक हित के मुद्दों पर आगे आता है, तभी सामूहिक आवाज प्रभावशाली बनती है।
“आज अभिलेख सही होंगे, तभी कल अधिकार सुरक्षित रहेंगे”
शिक्षक संघ ने कहा कि सेवा पुस्तिका केवल एक कागजी रिकॉर्ड नहीं, बल्कि शिक्षक की सेवा, वरिष्ठता, पदोन्नति, अवकाश एवं अन्य सेवा लाभों का महत्वपूर्ण आधार है। यदि आवश्यक प्रविष्टियां समय पर दर्ज नहीं होतीं अथवा वरिष्ठता संबंधी जानकारी में त्रुटि रहती है, तो भविष्य में शिक्षकों को अनावश्यक परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
इसी उद्देश्य से संगठन ने विकासखंड शिक्षा अधिकारी श्री दुर्गेश देवांगन जी से ज्ञापन में उल्लेखित सभी बिंदुओं पर गंभीरतापूर्वक विचार करते हुए नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई कर शिक्षकों के सेवा अभिलेख एवं वरिष्ठता संबंधी रिकॉर्ड को दुरुस्त एवं अद्यतन करने का आग्रह किया है।
शिक्षक हित में संगठन की एकजुट आवाज
फरसाबहार में सौंपा गया यह ज्ञापन केवल मांगों का दस्तावेज नहीं, बल्कि शिक्षकों के सेवा अधिकार, पारदर्शी वरिष्ठता और भविष्य की पदोन्नति को सुरक्षित रखने की दिशा में संगठन की सक्रिय पहल के रूप में देखा जा रहा है।
शिक्षक हित सर्वोपरि — सेवा अभिलेख दुरुस्त, वरिष्ठता पारदर्शी और अधिकार सुरक्षित।

